Maharashtra Politics: मुंबई के नए मेयर को लेकर सियासी घमासान / AIMIM–BJP गठबंधन की चर्चाओं पर क्या है पूरी सच्चाई?

 

दिनांक: 25 जनवरी 2026
स्थान: मुंबई, महाराष्ट्र

महाराष्ट्र में नगर निकाय चुनाव 2026 के नतीजों के बाद मुंबई महानगरपालिका (BMC) को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। देश की सबसे अमीर नगर निगम मानी जाने वाली BMC में नए मेयर के चुनाव को लेकर लगातार चर्चाएं हो रही हैं। इसी बीच सोशल मीडिया और कुछ यूट्यूब चैनलों पर यह दावा किया जाने लगा कि ऑल इंडिया मजलिस--इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM), यानी असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी, ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) को समर्थन देकर मेयर चुनाव में अहम भूमिका निभाई है।

हालांकि, जमीनी हकीकत इन दावों से अलग नजर आती है।

BMC चुनाव 2026 का परिणाम

BMC चुनाव में महायुति गठबंधनजिसमें BJP और एकनाथ शिंदे गुट की शिवसेना शामिल हैने स्पष्ट बढ़त हासिल की है। BJP सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, जबकि शिंदे गुट की शिवसेना ने भी निर्णायक सीटें जीती हैं। बहुमत का आंकड़ा महायुति के पास होने के कारण यह लगभग तय माना जा रहा है कि मुंबई का अगला मेयर इसी गठबंधन से चुना जाएगा

राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, इस चुनाव परिणाम ने मुंबई की राजनीति की दिशा बदल दी है, क्योंकि वर्षों बाद BMC में सत्ता संतुलन पूरी तरह बदला हुआ दिखाई दे रहा है।

AIMIM की भूमिका क्या है?

AIMIM ने इस चुनाव में सीमित लेकिन महत्वपूर्ण उपस्थिति दर्ज कराई है। पार्टी ने कुछ वार्डों में जीत हासिल की है और अल्पसंख्यक बहुल इलाकों में अपना आधार मजबूत किया है।
लेकिन सवाल यह है किक्या AIMIM मेयर चुनाव में किंगमेकर है?

जानकारों का कहना है कि AIMIM की सीटें इतनी नहीं हैं कि वह अकेले मेयर पद का फैसला कर सके इसके अलावा, AIMIM और BJP के बीच किसी भी आधिकारिक गठबंधन या लिखित समझौते की पुष्टि नहीं हुई है

गठबंधन की अफवाहें कैसे फैलीं?

दरअसल, महाराष्ट्र के कुछ अन्य नगर परिषदों और स्थानीय निकायों में अलग-अलग दलों के पार्षदों ने परिस्थिति के अनुसार आपसी सहमति से पदों का बंटवारा किया था। इन्हीं घटनाओं को आधार बनाकर सोशल मीडिया पर यह नैरेटिव फैलाया गया कि AIMIM और BJP के बीच बड़ा राजनीतिक गठबंधन हो गया है।

हालांकि, BJP नेतृत्व और AIMIM दोनों ही पक्षों ने ऐसे किसी राज्य-स्तरीय या BMC-स्तरीय गठबंधन से इनकार किया है।

BJP और शिंदे गुट का रुख

BJP और शिंदे गुट की शिवसेना ने साफ किया है कि मेयर चुनाव महायुति के अंदरूनी समर्थन से ही तय होगा पार्टी सूत्रों के मुताबिक, मेयर पद के लिए नाम पर विचार चल रहा है और जल्द ही आधिकारिक घोषणा की जा सकती है।

निष्कर्ष

स्पष्ट है कि

  • BMC में AIMIM–BJP गठबंधन की खबरें फिलहाल अफवाहों पर आधारित हैं।
  • मुंबई का नया मेयर महायुति गठबंधन से बनने की संभावना सबसे ज्यादा है।
  • AIMIM ने अपनी मौजूदगी जरूर दर्ज कराई है, लेकिन वह मेयर चुनाव का निर्णायक चेहरा नहीं है।

राजनीतिक तस्वीर आने वाले दिनों में और साफ होगी, लेकिन फिलहाल सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं से अलग, आधिकारिक सच्चाई यही है कि BMC की सत्ता की चाबी महायुति के हाथ में है। 

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