1. भारत का अपना 6G विजन: इंटरनेट की रफ़्तार में 100 गुना बढ़ोतरी
आज टेलीकॉम मंत्रालय ने '6G इंडिया मिशन' के दूसरे चरण की शुरुआत की है।
- क्या होगा बदलाव: जहाँ 5G में हमें 1Gbps तक की स्पीड मिलती है, वहीं 6G में यह बढ़कर 100Gbps से 1Tbps तक पहुँच सकती है।
- टेराहर्ट्ज़ स्पेक्ट्रम: भारत अब टेराहर्ट्ज़ (THz) फ्रीक्वेंसी पर काम करने वाले पहले देशों में शामिल हो गया है, जिससे डेटा ट्रांसफर बिना किसी रुकावट के बिजली की गति से होगा।
2. सैटेलाइट इंटरनेट (Space-Point Connectivity)
बिना टावर के सीधे मोबाइल पर इंटरनेट पहुँचाने की तकनीक (Direct-to-Cell) अब भारत के दूर-दराज इलाकों में शुरू हो रही है।
- बड़ी घोषणा: लो-अर्थ ऑर्बिट (LEO) सैटेलाइट्स के ज़रिए अब हिमालय के पहाड़ों और रेगिस्तानों में भी बिना सिम कार्ड बदले हाई-स्पीड इंटरनेट मिलेगा। यह तकनीक फाइबर ऑप्टिक केबल की मोहताज नहीं होगी।
3. 'सॉलिड-स्टेट' बैटरी: स्मार्टफोन की दुनिया में क्रांति
लिथियम-आयन बैटरी के दौर को पीछे छोड़ते हुए, टेक कंपनियों ने पहली बार कमर्शियल सॉलिड-स्टेट बैटरी का सफल परीक्षण किया है।
- फायदा: ये बैटरियाँ सामान्य बैटरी के मुकाबले 3 गुना ज़्यादा चलती हैं और सिर्फ 5 मिनट में फुल चार्ज हो जाती हैं। सबसे बड़ी बात यह है कि इनमें आग लगने का खतरा बिल्कुल शून्य है।
4. स्मार्ट चश्मा (Smart Glasses) बनेगा नया स्मार्टफोन
टेक्नोलॉजी अब जेब से निकलकर आँखों पर आ रही है। नई होलोग्राफिक डिस्प्ले तकनीक वाले चश्मे लॉन्च हुए हैं जो आपके फोन की स्क्रीन को आपकी आँखों के सामने हवा में प्रोजेक्ट कर देंगे। आप हाथ के इशारों (Gestures) से कॉल उठा सकेंगे और मैप्स देख सकेंगे, इसके लिए फोन निकालने की ज़रूरत नहीं होगी।
टेक्नोलॉजी हेडलाइंस (Headlines):
- इंटरनेट की नई क्रांति: 6G मिशन के साथ भारत की रफ़्तार होगी 100 गुना तेज़, सैटेलाइट इंटरनेट का हुआ आगाज़!
- स्मार्टफोन का अंत? हवा में तैरती स्क्रीन और 5 मिनट में चार्ज होने वाली बैटरी ने दी टेक जगत में दस्तक!
- स्पेस-टेक धमाका: अब बिना सिम और टावर के भी चलेगा इंटरनेट, दूर-दराज इलाकों के लिए बड़ी सौगात!
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